महंगाई भत्ता और राहत देने की मांग
0
भोपाल। प्रदेश में 12 लाख कार्यरत और सेवानिवृत्त कर्मचारियों को पिछले 9 महीनों से 3 प्रतिशत महंगाई भत्ता और महंगाई राहत का भुगतान नहीं किया गया है। इस देरी से कर्मचारियों को 4,185 से 38,070 रुपए तक का नुकसान हो चुका है।
तृतीय वर्ग कर्मचारी संघ के महामंत्री उमाशंकर तिवारी ने इस मुद्दे को उठाते हुए बताया कि महंगाई भत्ते पर प्रति माह लगभग 180 करोड़ रुपए का खर्च आएगा। उन्होंने तुलना करते हुए कहा कि सरकार लाड़ली बहना योजना के तहत 1,574 करोड़ रुपए प्रति माह खर्च कर रही है। कर्मचारी संघ ने मुख्यमंत्री डा मोहन यादव से अपील की है कि आने वाले समय में गेहूं खरीद और स्कूल-कॉलेज की फीस जैसे खर्च बढ़ने वाले हैं। इन खर्चों को देखते हुए कर्मचारियों को जुलाई 2024 से 3 प्रतिशत महंगाई भत्ता और सेवानिवृत्त कर्मचारियों को महंगाई राहत दी जाए। कर्मचारी संघ ने स्पष्ट किया कि वे लाड़ली बहना योजना का स्वागत करते हैं, पर सरकारी योजनाओं को लागू करने वाले कर्मचारियों को उनके हक से वंचित नहीं किया जाना चाहिए।
तृतीय वर्ग कर्मचारी संघ के महामंत्री उमाशंकर तिवारी ने इस मुद्दे को उठाते हुए बताया कि महंगाई भत्ते पर प्रति माह लगभग 180 करोड़ रुपए का खर्च आएगा। उन्होंने तुलना करते हुए कहा कि सरकार लाड़ली बहना योजना के तहत 1,574 करोड़ रुपए प्रति माह खर्च कर रही है। कर्मचारी संघ ने मुख्यमंत्री डा मोहन यादव से अपील की है कि आने वाले समय में गेहूं खरीद और स्कूल-कॉलेज की फीस जैसे खर्च बढ़ने वाले हैं। इन खर्चों को देखते हुए कर्मचारियों को जुलाई 2024 से 3 प्रतिशत महंगाई भत्ता और सेवानिवृत्त कर्मचारियों को महंगाई राहत दी जाए। कर्मचारी संघ ने स्पष्ट किया कि वे लाड़ली बहना योजना का स्वागत करते हैं, पर सरकारी योजनाओं को लागू करने वाले कर्मचारियों को उनके हक से वंचित नहीं किया जाना चाहिए।
