सौरभ और उसके सहयोगियों को भेजा 14 दिन की न्यायिक हिरासत में
0
भोपाल। परिवहन विभाग के पूर्व आरक्षक सौरभ शर्मा और उसके सहयोगियों की वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए पेशी हुई। तीनों को वीडियो कांफ्रेंसिग के माध्यम से कोर्ट में पेश किया गया। इन तीनों को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा गया था।
परिवहन विभाग के पूर्व आरक्षक सौरभ शर्मा और उसके सहयोगी चेतन सिंह, शरद जायसवाल को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा गया था। आज तीनों की अदालत में पेशी होनी थी। लेकिन तीन को कोर्ट नहीं ले जाया गया, तीनों को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए कोर्ट में पेश किया गया। पूर्व आरक्षक सौरभ शर्मा की गिरफ्तारी के बाद भी 52 किलो सोने और कैशकांड का राज नहीं खुल सका है। आयकर विभाग की टीम ने जेल में पूछताछ की, लेकिन ऐसा कोई बयान नहीं उगलवा सके जिससे आगे की कार्रवाई की जा सके।
गौरतलब है कि 18 दिसंबर को लोकायुक्त ने राजधानी भोपाल में सौरभ शर्मा के घर छापामार कार्रवाई की थी। वहीं 19 दिसंबर को मेंडोरी गांव के कुछ लोगों ने पुलिस को खाली प्लॉट पर खड़ी एक लावारिस क्रिस्टा गाड़ी के होने की सूचना दी थी, जिसमें 6 से 7 बैग रखे हुए थे।
परिवहन विभाग के पूर्व आरक्षक सौरभ शर्मा और उसके सहयोगी चेतन सिंह, शरद जायसवाल को 14 दिन की न्यायिक हिरासत में भेजा गया था। आज तीनों की अदालत में पेशी होनी थी। लेकिन तीन को कोर्ट नहीं ले जाया गया, तीनों को वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए कोर्ट में पेश किया गया। पूर्व आरक्षक सौरभ शर्मा की गिरफ्तारी के बाद भी 52 किलो सोने और कैशकांड का राज नहीं खुल सका है। आयकर विभाग की टीम ने जेल में पूछताछ की, लेकिन ऐसा कोई बयान नहीं उगलवा सके जिससे आगे की कार्रवाई की जा सके।
गौरतलब है कि 18 दिसंबर को लोकायुक्त ने राजधानी भोपाल में सौरभ शर्मा के घर छापामार कार्रवाई की थी। वहीं 19 दिसंबर को मेंडोरी गांव के कुछ लोगों ने पुलिस को खाली प्लॉट पर खड़ी एक लावारिस क्रिस्टा गाड़ी के होने की सूचना दी थी, जिसमें 6 से 7 बैग रखे हुए थे।
