गांव-गांव जाकर सेवादल विचारक लेंगे भाजपा-संघ से वैचारिक टक्कर
बैठक में बनी रणनीति, ब्लॉक, बूथ और गांव स्तर पर संगठन विस्तार और जनसंवाद पर जोर
भोपाल। भाजपा और राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ (आरएसएस) की वैचारिक घेराबंदी का जवाब देने के लिए कांग्रेस सेवादल ने अब संघ के प्रचारकों की तर्ज पर अपने विचारक तैयार करने का फैसला किया है। यह निर्णय आज राजधानी भोपाल स्थित प्रदेश कांग्रेस कार्यालय में आयोजित सेवादल की महत्वपूर्ण राज्यस्तरीय बैठक में लिया गया।
बैठक में प्रदेशभर से आए सभी जिलाध्यक्षों और वरिष्ठ पदाधिकारियों ने हिस्सा लिया। संगठन की भावी कार्ययोजना तय करते हुए यह तय किया गया कि ये विचारक ब्लॉक, बूथ और गांव-गांव जाकर नफरत और भ्रम की राजनीति के खिलाफ मोर्चा संभालेंगे और जनता को कांग्रेस की मूल विचारधारा तथा प्रदेश के ज्वलंत मुद्दों से अवगत कराएंगे।
संघ और भाजपा पर साधा निशाना
कांग्रेस सेवादल के प्रदेश अध्यक्ष अवनीश भार्गव ने आरएसएस और भाजपा पर हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि संघ और भाजपा राष्ट्रवाद के छद्म आवरण में देश और प्रदेश में नफरत फैलाने का काम कर रहे हैं। भार्गव ने कहा कि जिस तरह संघ अपनी विचारधारा को फैलाने के लिए प्रचारकों की तैनाती करता है, ठीक उसी तर्ज पर सेवादल अपने समर्पित विचारक तैयार करेगा। ये विचारक न केवल संघ-भाजपा की नफरत की राजनीति का वैचारिक स्तर पर मुकाबला करेंगे, बल्कि जनता के बीच जाकर उनकी स्थानीय समस्याओं की आवाज भी उठाएंगे।
बूथ स्तर पर संगठन होगा मजबूत
बैठक में केवल वैचारिक लड़ाई ही नहीं, बल्कि संगठनात्मक मजबूती पर भी विशेष बल दिया गया। सेवादल को ब्लॉक, बूथ और गांव स्तर तक पुनर्गठित और सक्रिय करने का लक्ष्य रखा गया है। इसके लिए पदाधिकारियों को जिम्मेदारियां सौंपी जा रही हैं, ताकि वे सीधे ग्रामीणों से संवाद स्थापित कर सकें। सेवादल नेतृत्व का मानना है कि एक मजबूत और सक्रिय जमीनी संगठन के दम पर ही पार्टी के संदेश और जनहित की नीतियों को मध्य प्रदेश के हर कोने तक प्रभावी ढंग से पहुंचाया जा सकता है।
