प्रदेश में चलेगा जय गंगा जल संवर्धन अभियान 30 मार्च से
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कैबिनेट बैठक में लिया फैसला, तालाब, जलाशयों को पुनर्जीवित करने का किया जाएगा प्रयास
भोपाल। प्रदेश सरकार ने जय गंगा जल संवर्धन अभियान को मंजूरी दे दी गई है। इस प्रस्ताव के मंजूर जाने का सीधा फायदा किसानों को मिलेगा। यह अभियान प्रदेश में 30 मार्च से 30 जून तक चलाया जाएगा।
कैबिनेट बैठक के बाद मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने सरकार के इस फैसले की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जल संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने जय गंगा जल संवर्धन अभियान को मंजूरी दी। यह अभियान 30 मार्च से 30 जून तक चलेगा। इसका उद्देश्य पूरे प्रदेश की जल संरचनाओं का संवर्धन करना और पानी को संरक्षित करना है। सरकार वॉटर रिचार्जिंग को प्रोत्साहित करने के लिए जनभागीदारी को बढ़ावा देगी। इस अभियान के तहत जलाशयों, तालाबों और नदियों को पुनर्जीवित करने के प्रयास किए जाएंगे।
किसानों की जमीन का डिजिटल सीमांकन और बटांकन
कैबिनेट ने प्रदेश के किसानों की जमीनों के डिजिटल सीमांकन और बटांकन के प्रस्ताव को स्वीकृति दी। इसके लिए 138.41 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया। इस प्रक्रिया के लिए सरकार निविदा आयोजित करेगी, जिसके बाद पूरे प्रदेश में किसानों की जमीन का डिजिटल डेटा एकत्र किया जाएगा। इससे भू-अधिकारों को सुरक्षित रखने और विवादों को कम करने में मदद मिलेगी।
आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को मिलेगा प्रशिक्षण
प्रदेश के छोटे बच्चों को शिक्षा के प्रति रुचि दिलाने और उनके सामान्य ज्ञान को बढ़ाने के लिए सरकार ने आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं के लिए विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू करने का निर्णय लिया है। इस प्रशिक्षण में कार्यकर्ताओं को बच्चों के शारीरिक, मानसिक और बौद्धिक विकास को लेकर जागरूक किया जाएगा। इसके अलावा, उन्हें यह भी सिखाया जाएगा कि बच्चों को प्रारंभिक शिक्षा में रुचि कैसे दिलाई जाए।
पांढुर्ना जिले में वन विभाग का नया मंडल
कैबिनेट ने छिंदवाड़ा से अलग होकर नया जिला बना पांढुर्ना में वन विभाग का नया मंडल स्थापित करने की मंजूरी दी। पांढुर्णा जिला अन्तर्गत तीन वनमंडलों को पुनर्गठित किये जाने का फैसला लिया गया है। वर्तमान में छिंदवाड़ा वन वृत्त (छिंदवाड़ा जिला एवं नवगठित पांढुर्णा जिला) अंतर्गत तीन वनमंडलों पूर्व, पश्चिम, दक्षिण छिंदवाडा को पुनर्गठित किये जाने का निर्णय लिया गया हैं। निर्णय अनुसार दक्षिण छिंदवाड़ा वनमंडल के 662.742 वर्ग कि.मी. वनक्षेत्र को नवगठित पांढुर्णा वन मंडल में तथा शेष 293.944 वर्ग कि.मी. वनक्षेत्र को पूर्व व पश्चिम छिंदवाड़ा वनमंडलों में शामिल किया जायेगा एवं वनमंडल दक्षिण छिंडवाड़ा को समाप्त किया जायेगा। दक्षिण छिन्दवाड़ा वनमण्डल से पुनर्गठित पांढुर्णा तथा पूर्व व पश्चिम छिंडवाड़ा वनमण्डलों में पदों का पुर्न आवंटन किया जाएगा।
प्रमुख सचिव करेंगे हर सप्ताह समीक्षा
सभी विभागों के प्रमुख सचिव हर सप्ताह अपने विभाग की समीक्षा करेंगे। मुख्य सचिव महीने में एक बार और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव दो महीने में इसकी समीक्षा करेंगे। सरकार ने 21 लाख से अधिक युवाओं को रोजगार देने का लक्ष्य भी तय किया है।
भोपाल। प्रदेश सरकार ने जय गंगा जल संवर्धन अभियान को मंजूरी दे दी गई है। इस प्रस्ताव के मंजूर जाने का सीधा फायदा किसानों को मिलेगा। यह अभियान प्रदेश में 30 मार्च से 30 जून तक चलाया जाएगा।
कैबिनेट बैठक के बाद मंत्री कैलाश विजयवर्गीय ने सरकार के इस फैसले की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जल संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए सरकार ने जय गंगा जल संवर्धन अभियान को मंजूरी दी। यह अभियान 30 मार्च से 30 जून तक चलेगा। इसका उद्देश्य पूरे प्रदेश की जल संरचनाओं का संवर्धन करना और पानी को संरक्षित करना है। सरकार वॉटर रिचार्जिंग को प्रोत्साहित करने के लिए जनभागीदारी को बढ़ावा देगी। इस अभियान के तहत जलाशयों, तालाबों और नदियों को पुनर्जीवित करने के प्रयास किए जाएंगे।
किसानों की जमीन का डिजिटल सीमांकन और बटांकन
कैबिनेट ने प्रदेश के किसानों की जमीनों के डिजिटल सीमांकन और बटांकन के प्रस्ताव को स्वीकृति दी। इसके लिए 138.41 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया। इस प्रक्रिया के लिए सरकार निविदा आयोजित करेगी, जिसके बाद पूरे प्रदेश में किसानों की जमीन का डिजिटल डेटा एकत्र किया जाएगा। इससे भू-अधिकारों को सुरक्षित रखने और विवादों को कम करने में मदद मिलेगी।
आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं को मिलेगा प्रशिक्षण
प्रदेश के छोटे बच्चों को शिक्षा के प्रति रुचि दिलाने और उनके सामान्य ज्ञान को बढ़ाने के लिए सरकार ने आंगनवाड़ी कार्यकर्ताओं के लिए विशेष प्रशिक्षण कार्यक्रम शुरू करने का निर्णय लिया है। इस प्रशिक्षण में कार्यकर्ताओं को बच्चों के शारीरिक, मानसिक और बौद्धिक विकास को लेकर जागरूक किया जाएगा। इसके अलावा, उन्हें यह भी सिखाया जाएगा कि बच्चों को प्रारंभिक शिक्षा में रुचि कैसे दिलाई जाए।
पांढुर्ना जिले में वन विभाग का नया मंडल
कैबिनेट ने छिंदवाड़ा से अलग होकर नया जिला बना पांढुर्ना में वन विभाग का नया मंडल स्थापित करने की मंजूरी दी। पांढुर्णा जिला अन्तर्गत तीन वनमंडलों को पुनर्गठित किये जाने का फैसला लिया गया है। वर्तमान में छिंदवाड़ा वन वृत्त (छिंदवाड़ा जिला एवं नवगठित पांढुर्णा जिला) अंतर्गत तीन वनमंडलों पूर्व, पश्चिम, दक्षिण छिंदवाडा को पुनर्गठित किये जाने का निर्णय लिया गया हैं। निर्णय अनुसार दक्षिण छिंदवाड़ा वनमंडल के 662.742 वर्ग कि.मी. वनक्षेत्र को नवगठित पांढुर्णा वन मंडल में तथा शेष 293.944 वर्ग कि.मी. वनक्षेत्र को पूर्व व पश्चिम छिंदवाड़ा वनमंडलों में शामिल किया जायेगा एवं वनमंडल दक्षिण छिंडवाड़ा को समाप्त किया जायेगा। दक्षिण छिन्दवाड़ा वनमण्डल से पुनर्गठित पांढुर्णा तथा पूर्व व पश्चिम छिंडवाड़ा वनमण्डलों में पदों का पुर्न आवंटन किया जाएगा।
प्रमुख सचिव करेंगे हर सप्ताह समीक्षा
सभी विभागों के प्रमुख सचिव हर सप्ताह अपने विभाग की समीक्षा करेंगे। मुख्य सचिव महीने में एक बार और मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव दो महीने में इसकी समीक्षा करेंगे। सरकार ने 21 लाख से अधिक युवाओं को रोजगार देने का लक्ष्य भी तय किया है।
