ग्राम पंचायत स्तर से कांग्रेस पुनर्गठन की शुरुआत
इछावर के खैरी में दिग्विजय ने की ग्राम पंचायत कांग्रेस कमेटी गठित
भोपाल। मध्यप्रदेश कांग्रेस के संगठनात्मक पुनर्गठन की प्रक्रिया की शुरुआत ग्राम पंचायत स्तर से हो गई है। इसी क्रम में आज पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने सीहोर जिले की इछावर विधानसभा अंतर्गत खैरी ग्राम पंचायत में ग्राम पंचायत कांग्रेस कमेटी का गठन किया गया। ग्राम खेरी में उन्होंनं रात्रि विश्राम कर लोगों की समस्याएं भी सुनी।
खेरी ग्राम पंचायत में आयोजित ग्राम चौपाल के दौरान पूर्व मुख्यमंत्री सिंह ने ग्रामीणों से आपसी सहमति के आधार पर अध्यक्ष चयन करने का आग्रह किया गया। इसके बाद उपस्थित ग्रामीणों ने आपस में चर्चा कर सर्वसम्मति से पदाधिकारियों के नाम तय किए। मुकेश वर्मा को खेरी ग्राम पंचायत कांग्रेस कमेटी का अध्यक्ष चुना गया। वहीं शारदा बेन को महिला कांग्रेस, कुलदीप वर्मा को यूथ कांग्रेस और अजय वर्मा को छात्र संगठन एनएसयूआई की जिम्मेदारी सौंपी गई। ग्राम चौपाल को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि आज देश में विचारधाराओं की लड़ाई चल रही है। एक ओर कांग्रेस की विचारधारा है, जो सभी को समान दृष्टि से देखती है, वहीं दूसरी ओर भाजपा की विचारधारा है, जो लोगों को धर्म और जाति के आधार पर बांटने का काम करती है। कांग्रेस ने अंग्रेजी हुकूमत से संघर्ष कर देश को आजादी दिलाई और हर नागरिक को वोट का अधिकार दिया, जिससे अब जनता स्वयं अपने प्रतिनिधि का चयन कर सकती है।
महंगाई, बेरोजगारी गंभीर समस्या
दिग्विजय सिंह कहा कि देश में महंगाई और बेरोजगारी गंभीर समस्या बन चुकी है। शिक्षा और स्वास्थ्य महंगे हो गए हैं, खेती की लागत बढ़ गई है, लेकिन आम लोगों की आय में कोई बढ़ोतरी नहीं हुई। मजदूरी और फसलों के दाम वर्षों से स्थिर हैं। इन ज्वलंत मुद्दों से ध्यान भटकाने के लिए समाज को धार्मिक आधार पर बांटने का प्रयास किया जा रहा है। उन्होंने कहा कि सभी धर्मों का मूल संदेश सत्य, नैतिकता और इंसानियत है।
बहना को पंद्रह सौ, जीजीओं को थमा दिए पांच हजार के बिल
प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी आज ‘बूथ चलो, गाँव चलो’ अभियान के तहत रायसेन जिले की ग्राम तराबली में ग्राम पंचायत कांग्रेस समिति का गठन किया। उन्होंने कहा कि अब कांग्रेस का विचार और विज़न गाँव गाँव तक मजबूत होगा। उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार ने लाड़ली बहना को 1500 रुपये तो दिए, लेकिन यू टर्न लेकर जीजाओं को 5 हज़ार रुपये के बिजली के बिल थमा दिए।
