बयान देकर घिरे सांसद, कांग्रेस हुई हमलवार
मंत्रियों, सांसदों की जुबान पर लगाम लगाने की जरूरत
भोपाल। सड़कों पर गड्ढों को लेकर लोक निर्माण मंत्री राकेश सिंह के बयान के बाद सीधी सांसद द्वारा सोशल मीडिया इन्फ्लुएंसर लीला साहू को लेकर की गई टिप्पणी पर कांग्रेस ने सरकार को घेरा है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष जीतू पटवारी ने कहा है कि मुख्यमंत्री डा मोहन यादव को मंत्रियों और सांसदों की जुबान पर लगाम लगाने की जरूरत है। उन्होंने इस पूरे मामले को शर्मनाक, अमर्यादित और भाजपा की विकृत मानसिकता का प्रतिबिंब बताया है।
पटवारी ने कहा कि यह केवल लीला साहू का अपमान नहीं, यह हर संघर्षशील महिला का अपमान है। उन्होंने कहा कि यह बयान उस संकीर्ण सोच को दर्शाता है जो भाजपा की राजनीति की जड़ में बैठी है। एक महिला जब जनसरोकार का मुद्दा उठाती है, तो उसे ‘उठवा लेने’ जैसे शब्दों का प्रयोग करना इनकी मानसिकता को दर्शाता है। पटवारी ने मंत्री सिंह और सांसद राजेश मिश्रा के बयान के बाद कहा कि सत्ता का मद क्या होता है, यह भाजपा के नेता बार-बार प्रदर्शित कर रहे हैं। प्रदेश में सड़कें खस्ताहाल हैं। गांवों, शहरों की सड़कें करप्शन की भेंट चढ़ गई हैं। ब्रिज हो या नेशनल हाइवे हो या स्टेट हाइवे की सड़क हो, सबके हालात खस्ता हैं। ये भ्रश्टाचार की भेंट चढ़ गई हैं।
अहंकार ठीक नहीं, जनता देख रही
विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने इसी मामले ाके लेकर कहा कि सीधी में गर्भवती महिलाओं ने सड़क की मांग की तो भाजपा सांसद राजेश मिश्रा बोल रहे हैं कि डिलीवरी की डेट बताओ, हम उठवा लेंगे। पीडब्ल्यूडी मंत्री बोले रहे हैं कि क्या डंपर लेकर पहुंच जाएं? सोशल मीडिया पर सड़क के लिए संघर्ष कर रहीं लीला साहू के वीडियो ने सत्ताधीशों की संवेदनहीनता को उजागर कर दिया है। गर्भवती महिला के लिए यह बेशर्मी से भरा बयान, भाजपा का असली संस्कार दिखाता है। उन्होंने सवाल किया कि मेरा मंत्री से सीधा सवाल है कि ऐसे कितने गांवों की महिलाओं को आप उठवाएंगे? क्या अब यही आपकी सरकार में विकास का नया मापदंड है? सत्ता का इतना अहंकार ठीक नहीं। जनता सब देख रही है।
